निमुफूइच्छु की धारा में अमर हुआ कर्तव्य: लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी
जब देश की सीमा पर कर्तव्य पुकारता है, तो कुछ सपूत बिना सोचे अपनी जान न्योछावर कर देते हैं। लेफ्टिनेंट शशांक तिवारी उसी अनोखी परंपरा के वीर पुत्र थे। अयोध्या की पावन भूमि से उठकर वे सिक्किम की बर्फीली चोटियों पर पहुंचे और एक साधारण गश्त को अमर बलिदान में बदल दिया। उनकी शहादत हमें […]
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