Author name: Logsabha Team

सरकार को उखाड़ फेंकने की लंबी-चौड़ी बातें और 24 घंटे में ही पुलिस के सामने गिड़गिड़ाकर किया 50 हज़ार का बॉन्ड साइन, सावरकर जी को डरपोक बताने वाली कॉकरोच गैंग की क्रांति एक ही रात में हो गई ढेर

सोशल मीडिया की दुनिया भी गज़ब जादुई है यार! यहाँ बस सामने एक महंगा वाला कैमरा सेट करो, वीडियो में थोड़ा सस्पेंस वाला म्यूज़िक लगाओ और कैमरे के सामने बैठकर सिस्टम को उखाड़ फेंकने की हुंकार भर दो। ऐसा करने के बाद कोई भी कीबोर्ड वॉरियर खुद को मॉडर्न ज़माने का नया क्रांतिकारी समझ सकता […]

सरकार को उखाड़ फेंकने की लंबी-चौड़ी बातें और 24 घंटे में ही पुलिस के सामने गिड़गिड़ाकर किया 50 हज़ार का बॉन्ड साइन, सावरकर जी को डरपोक बताने वाली कॉकरोच गैंग की क्रांति एक ही रात में हो गई ढेर Read More »

भारत का वो ‘ब्रह्मांड का ज्ञाता’ जिसे अंतरिक्ष के रहस्य खोजने के लिए 7 बार किया गया ‘नोबेल प्राइज’ के लिए नॉमिनेट, देश में विशाल बांधों और न्यूक्लियर रिसर्च की नींव रखने वाले महान वैज्ञानिक ‘मेघनाद साहा’

कभी रात के समय खुले आसमान में चमकते हुए अनगिनत तारों को गौर से देखिएगा। हमें और आपको ये तारे बस टिमटिमाते हुए सफेद बिंदु लगते हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं की जब नासा (NASA) या हमारी अपनी स्पेस एजेंसी इसरो (ISRO) का कोई बड़ा से बड़ा वैज्ञानिक आज भी अपनी शक्तिशाली दूरबीन से

भारत का वो ‘ब्रह्मांड का ज्ञाता’ जिसे अंतरिक्ष के रहस्य खोजने के लिए 7 बार किया गया ‘नोबेल प्राइज’ के लिए नॉमिनेट, देश में विशाल बांधों और न्यूक्लियर रिसर्च की नींव रखने वाले महान वैज्ञानिक ‘मेघनाद साहा’ Read More »

कल का ‘राष्ट्रीय खतरा’ आज बन गया जिगरी यार, मोदी से नफरत में भारत के अपने उद्योगपतियों को हराने के लिए विदेशी अरबपति ‘Elon Musk’ के मुरीद हुए राहुल गांधी

हमारे देश की राजनीति में कब कौन किसका यार बन जाए और कब कौन किसका जानी दुश्मन, इसका अंदाज़ा लगाना मौसम की भविष्यवाणी करने से भी ज़्यादा मुश्किल है। गिरगिट भी अगर भारत की राजनीति देख ले ना, तो शायद वो भी रंग बदलने की ट्यूशन यहीं से लेना शुरू कर दे! अब तक तो

कल का ‘राष्ट्रीय खतरा’ आज बन गया जिगरी यार, मोदी से नफरत में भारत के अपने उद्योगपतियों को हराने के लिए विदेशी अरबपति ‘Elon Musk’ के मुरीद हुए राहुल गांधी Read More »

चुनाव आयोग के दफ्तर तक कांग्रेस की सरेआम गुंडागर्दी, अपना फर्ज़ निभा रहे पुलिसवालों को मारी लात, अगर सरकार ने CJP के कॉकरोचों के सामने घुटने टेकने के बजाये उन्हें ठूसा होता जेल में तो ये दिन देखना न पढता

राजनीति में शब्दों के मायने कैसे बदल जाते हैं ना, ये देखना हो तो हमारे देश के नेताओं से सीखिए। एक हाथ में भारत का पवित्र संविधान, चेहरे पर लोकतंत्र बचाने की चिंता, होठों पर ‘मोहब्बत की दुकान’ का नारा… और पैरों के नीचे देश के रक्षकों की खाकी वर्दी! जी हां, 7-8 अक्टूबर की

चुनाव आयोग के दफ्तर तक कांग्रेस की सरेआम गुंडागर्दी, अपना फर्ज़ निभा रहे पुलिसवालों को मारी लात, अगर सरकार ने CJP के कॉकरोचों के सामने घुटने टेकने के बजाये उन्हें ठूसा होता जेल में तो ये दिन देखना न पढता Read More »

जब AI को पड़ी उपनिषदों की ज़रूरत, मशीनों में ‘चेतना’ की खोज करने और AI को नैतिकता सिखाने के लिए दिग्गज टेक कंपनी ‘Anthropic’ ने लिया भारतीय संन्यासी ‘स्वामी सर्वप्रियानंद’ से मार्गदर्शन

आजकल आप जहाँ भी देखो, बस एक ही बात की टेंशन चल रही है- आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI)। लोगों को डर है की कहीं ये मशीनें हमारी नौकरी ना खा जाएं, या कहीं मशीनों का इंसानों पर कब्ज़ा ही ना हो जाए! कैलिफोर्निया की सिलिकॉन वैली में बैठे अरबपतियों और बड़े-बड़े इंजीनियरों ने ऐसे सुपर-कंप्यूटर तो

जब AI को पड़ी उपनिषदों की ज़रूरत, मशीनों में ‘चेतना’ की खोज करने और AI को नैतिकता सिखाने के लिए दिग्गज टेक कंपनी ‘Anthropic’ ने लिया भारतीय संन्यासी ‘स्वामी सर्वप्रियानंद’ से मार्गदर्शन Read More »

गदर पार्टी बनाकर अंग्रेजों की नींद उड़ाने वाला वो बागी जो मेक्सिको में बना भगवान, सात समंदर पार हरित क्रांति लाने के बावजूद अपने ही वतन में एक लैब को तरसने वाले महान कृषि वैज्ञानिक ‘पांडुरंग खानखोजे’

हमारे देश के इतिहास की किताबों में एक बहुत बड़ी दिक्कत है। पन्ने पलटते जाइए, आपको बस गिने-चुने नाम और उनके दिए गए भाषण ही मिलेंगे। हमारी जो आज़ादी की कहानी हमें रटाई जाती है, उसे पढ़कर ऐसा लगता है जैसे हमें आज़ादी चंद लोगों की अपीलों और शांति वार्ताओं से मिल गई। लेकिन क्या

गदर पार्टी बनाकर अंग्रेजों की नींद उड़ाने वाला वो बागी जो मेक्सिको में बना भगवान, सात समंदर पार हरित क्रांति लाने के बावजूद अपने ही वतन में एक लैब को तरसने वाले महान कृषि वैज्ञानिक ‘पांडुरंग खानखोजे’ Read More »

पर्दे का वो ‘क्रांतिवीर’ जो था किसानों और अनाथ बच्चों का सच्चा सहारा, कारगिल युद्ध में खुद मोर्चे पर जाकर सेना का मनोबल बढ़ाने वाले ‘नाना पाटेकर’ को आज पूरा देश कह रहा अलविदा

8 अक्टूबर 2026 की ये सुबह भारतीय सिनेमा और इस देश के लाखों गरीब किसानों के लिए वो मनहूस पैगाम लेकर आई, जिसके लिए कोई सपने में भी तैयार नहीं था। खबर आई की 75 साल की उम्र में, गोवा में हार्ट अटैक (Cardiac Arrest) की वजह से हमारे चहेते, हम सबके प्यारे नाना पाटेकर

पर्दे का वो ‘क्रांतिवीर’ जो था किसानों और अनाथ बच्चों का सच्चा सहारा, कारगिल युद्ध में खुद मोर्चे पर जाकर सेना का मनोबल बढ़ाने वाले ‘नाना पाटेकर’ को आज पूरा देश कह रहा अलविदा Read More »

जहां खत्म होती परिंदों की उड़ान, वहां से शुरू होता हमारी वायुसेना का आसमान, 94 सालों से हर एक दिशा से देश की हिफाज़त करने वाले हमारे वायुवीरों को ‘भारतीय वायुसेना दिवस’ पर अनंत शुभकामनाएं

आज 8 अक्टूबर है। आज हमारा पूरा हिंदुस्तान गर्व से अपना 94वां भारतीय वायुसेना दिवस (Indian Air Force Day) मना रहा है। पूरे 94 साल हो गए हमारे इस आसमान के रखवालों को! सच कहूं तो, जहां परिंदों के पर जवाब दे जाते हैं ना, जहां हवा इतनी पतली हो जाती है की सांस लेना

जहां खत्म होती परिंदों की उड़ान, वहां से शुरू होता हमारी वायुसेना का आसमान, 94 सालों से हर एक दिशा से देश की हिफाज़त करने वाले हमारे वायुवीरों को ‘भारतीय वायुसेना दिवस’ पर अनंत शुभकामनाएं Read More »

अपनों को आखिरी विदाई देने का सबसे पवित्र तीर्थ बिहार का ‘गया जी’, हर साल पितृपक्ष में आकर लाखों सनातनी अपने पूर्वजों को दिखाते सीधे ‘बैकुंठ’ का रास्ता

जब हम अपने किसी अज़ीज़ को खोते हैं, तो वो एक ऐसा दर्द होता है जो कभी पूरी तरह से नहीं भरता। इंसान चला जाता है, लेकिन उसकी यादें, उसका आशीर्वाद और कभी-कभी मन में रह जाने वाला वो पछतावा की “काश उनके लिए कुछ और कर पाते”… ये सब उम्र भर हमारे साथ चलता

अपनों को आखिरी विदाई देने का सबसे पवित्र तीर्थ बिहार का ‘गया जी’, हर साल पितृपक्ष में आकर लाखों सनातनी अपने पूर्वजों को दिखाते सीधे ‘बैकुंठ’ का रास्ता Read More »

हमारे शास्त्रों ने हजारों साल पहले ही सुलझा ली थी ‘टाइम ट्रैवल’ की गुत्थी, पतंजलि ‘योगसूत्र’ का उपयोग कर के भगवान परशुराम पलक झपकते कर लेते थे हजारों किलोमीटर का सफर

चलिए, इस लेख को शुरू करने से शुरू करने से पहले एक छोटा सा एक्सपेरिमेंट करते हैं। आप जहाँ भी बैठे हैं, अपनी आँखें बंद कीजिए और मन ही मन निकल पड़िए सीधे शिव जी के धाम, कैलाश पर्वत की ओर। बर्फ से ढकी चोटियाँ, डमरू की गूंज… पहुँच गए? कितना टाइम लगा आपको? एक

हमारे शास्त्रों ने हजारों साल पहले ही सुलझा ली थी ‘टाइम ट्रैवल’ की गुत्थी, पतंजलि ‘योगसूत्र’ का उपयोग कर के भगवान परशुराम पलक झपकते कर लेते थे हजारों किलोमीटर का सफर Read More »

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