साइकिल पर ‘रॉकेट’ ढोने और विदेश से हथियार मांगने से लेकर खुद की ‘ब्रह्मोस’ मिसाइल और ‘चंद्रयान’ बनाकर चाँद में भेजने तक, आज़ादी के 80 सालों में भारत ने तय किया असंभव लगने वाला वो सफर
आज 15 अगस्त की सुबह जब लाल किले की प्राचीर से तिरंगा हवा में लहराया और बैकग्राउंड में राष्ट्रगान की धुन गूँजी ना… तो शरीर के रोंगटे अपने आप खड़े हो गए। आज पूरा हिंदुस्तान अपनी आज़ादी का 80वां जश्न मना रहा है। 79 साल पूरे हो चुके हैं उस सुबह को, जब हमने गुलामी […]









