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सवर्ण हिंदू अफसर अंकित शर्मा को 51 बार चाकुओं से गोदने वाले ‘ताहिर हुसैन’ को फांसी से बचाया और NEET प्रोटेस्ट में पुलिस को सड़क पर पीटने वाले गुंडों को सरकार ने किया माफ़, आखिर देश सेवा करने वालों की जान इतनी सस्ती क्यों

सच कहूँ तो आज इस देश का सिस्टम देखकर कलेजा फट जाता है। हम हमेशा यही सोचते थे की पढ़-लिखकर सरकारी नौकरी करो, देश की सेवा करो, वर्दी पहनो तो समाज तुम्हारी इज्जत करेगा। लेकिन आज जो हालात बन गए हैं ना, उन्हें देखकर मन में एक ही सवाल उठता है की क्या इस देश […]

सवर्ण हिंदू अफसर अंकित शर्मा को 51 बार चाकुओं से गोदने वाले ‘ताहिर हुसैन’ को फांसी से बचाया और NEET प्रोटेस्ट में पुलिस को सड़क पर पीटने वाले गुंडों को सरकार ने किया माफ़, आखिर देश सेवा करने वालों की जान इतनी सस्ती क्यों Read More »

क्या देवभूमि नेपाल को भी ये जिहादी बनाएंगे अगला 'सीरिया'? कांवड़ यात्रा पर खौफनाक हमला करके मुसलमानों ने दे दिया अपनी नीच सनातन विरोधी मानसिकता का सबसे बड़ा सुबूत

क्या देवभूमि नेपाल को भी ये जिहादी बनाएंगे अगला ‘सीरिया’? कांवड़ यात्रा पर खौफनाक हमला करके मुसलमानों ने दे दिया अपनी नीच सनातन विरोधी मानसिकता का सबसे बड़ा सुबूत

दोस्तों हमें लगता था की नेपाल दुनिया का इकलौता और सबसे शांत हिन्दू राष्ट्र है। वहां पशुपतिनाथ की कृपा है और वहां के लोग अपनी संस्कृति को जान से ज्यादा प्यार करते हैं। लेकिन जब से इस देवभूमि में ‘सेक्युलरिज्म’ का कीड़ा घुसा है, तब से वहां के हालात बद से बदतर होते जा रहे

क्या देवभूमि नेपाल को भी ये जिहादी बनाएंगे अगला ‘सीरिया’? कांवड़ यात्रा पर खौफनाक हमला करके मुसलमानों ने दे दिया अपनी नीच सनातन विरोधी मानसिकता का सबसे बड़ा सुबूत Read More »

स्पेन की सीमाएं चीरकर घुसी '60 हजार' जिहादियों की खूंखार भीड़, बाहरी घुसपैठियों को अपने देशों में बसाने वाले यूरोप का 'इस्लामीकरण' होना अब एकदम पक्का

स्पेन की सीमाएं चीरकर घुसी ’60 हजार’ जिहादियों की खूंखार भीड़, बाहरी घुसपैठियों को अपने देशों में बसाने वाले यूरोप का ‘इस्लामीकरण’ होना अब एकदम पक्का

अगर आप आज भी यूरोप को वो सपनों वाली जगह मानते हैं जहाँ बस शांति, बर्फबारी, और खूबसूरत वादियां हैं, तो सच कहूँ तो आप बहुत बड़े भ्रम में जी रहे हैं। टीवी और फिल्मों में दिखने वाला वो गोरा और शांत यूरोप अब खत्म हो रहा है भाई! उसकी जगह ले रहा है एक

स्पेन की सीमाएं चीरकर घुसी ’60 हजार’ जिहादियों की खूंखार भीड़, बाहरी घुसपैठियों को अपने देशों में बसाने वाले यूरोप का ‘इस्लामीकरण’ होना अब एकदम पक्का Read More »

जब मुगलों ने देखा साक्षात ‘चार हाथों’ वाले ‘काल’ का तांडव, ‘कंधे’ पर बैठकर ‘अकबर’ की जिहादी सेना के ‘सिर’ उड़ाने वाले खूंखार हिन्दू शूरवीर ‘जयमल और फत्ता’

सच कहूँ तो हमारे देश का इतिहास इतना शानदार और बारूदी है की अगर इसे बिना किसी वामपंथी मिलावट के पढ़ा जाए, तो मुर्दे के अंदर भी जान आ जाए। हमें ये रटाया गया की ‘अकबर एक महान राजा था’। लेकिन कभी किसी ने ये नहीं बताया की उसी ‘महान’ अकबर की आधी से ज़्यादा

जब मुगलों ने देखा साक्षात ‘चार हाथों’ वाले ‘काल’ का तांडव, ‘कंधे’ पर बैठकर ‘अकबर’ की जिहादी सेना के ‘सिर’ उड़ाने वाले खूंखार हिन्दू शूरवीर ‘जयमल और फत्ता’ Read More »

अमेरिका से लेकर ऑस्ट्रेलिया तक करोड़ों 'मूलनिवासियों' का खून पीकर खड़े हुए 'ईसाइयों के चर्च', अगर सनातन धर्म के वनवासी योद्धा न होते तो इन गोरों ने भारत के आदिवासियों का भी कर दिया होता वैसा ही हाल

अमेरिका से लेकर ऑस्ट्रेलिया तक करोड़ों ‘मूलनिवासियों’ का खून पीकर खड़े हुए ‘ईसाइयों के चर्च’, अगर सनातन धर्म के वनवासी योद्धा न होते तो इन गोरों ने भारत के आदिवासियों का भी कर दिया होता वैसा ही हाल

कभी आपने सोचा है की इन गोरों ने कैसे लीपापोती करते हुए पूरी दुनिया के दिमाग में ये बात ठूंस-ठूंस कर भर दी की ये जो गोरे अंग्रेज और ईसाई मिशनरी थे, ये तो ‘शांति’, ‘सेवा’ और ‘प्यार’ के सबसे बड़े दूत थे। ऐसा नैरेटिव बनाया गया जैसे पूरी दुनिया को ‘सभ्य’ (Civilized) बनाने का

अमेरिका से लेकर ऑस्ट्रेलिया तक करोड़ों ‘मूलनिवासियों’ का खून पीकर खड़े हुए ‘ईसाइयों के चर्च’, अगर सनातन धर्म के वनवासी योद्धा न होते तो इन गोरों ने भारत के आदिवासियों का भी कर दिया होता वैसा ही हाल Read More »

खुद को रामपुर का 'नवाब' समझने वाले गुंडे 'आज़म खान' का टूटेगा 'गुरूर', दलितों की ज़मीनें 'लूट' कर बनाये गए इस पाप के किले 'जौहर यूनिवर्सिटी' को मिट्टी में मिलाने आ रहा योगी बाबा का 'बुलडोज़र'

खुद को रामपुर का ‘नवाब’ समझने वाले गुंडे ‘आज़म खान’ का टूटेगा ‘गुरूर’, दलितों की ज़मीनें ‘लूट’ कर बनाये गए इस पाप के किले ‘जौहर यूनिवर्सिटी’ को मिट्टी में मिलाने आ रहा योगी बाबा का ‘बुलडोज़र’

यार, सत्ता का नशा भी ना बिल्कुल सस्ती शराब जैसा होता है, जब चढ़ता है तो आदमी खुद को खुदा समझ बैठता है, और जब उतरता है तो वो सीधा गटर में औंधे मुंह गिरता है! एक वक़्त था जब उत्तर प्रदेश में ‘समाजवादी पार्टी’ की सरकार हुआ करती थी। और उस सरकार में रामपुर

खुद को रामपुर का ‘नवाब’ समझने वाले गुंडे ‘आज़म खान’ का टूटेगा ‘गुरूर’, दलितों की ज़मीनें ‘लूट’ कर बनाये गए इस पाप के किले ‘जौहर यूनिवर्सिटी’ को मिट्टी में मिलाने आ रहा योगी बाबा का ‘बुलडोज़र’ Read More »

कहीं 'डिटरजेंट' वाला 'पनीर' तो कहीं 'एसिड' वाला 'टोमेटो कैचप', देश में हर 5 में से 1 खाने का आइटम 'फेल', आम आदमी अपनी कमाई से खरीद रहा 'कैंसर' का ज़हर, 'फूड विभाग' को गहरी नींद से जागने की ज़रूरत

कहीं ‘डिटरजेंट’ वाला ‘पनीर’ तो कहीं ‘एसिड’ वाला ‘टोमेटो कैचप’, देश में हर 5 में से 1 खाने का आइटम ‘फेल’, आम आदमी अपनी कमाई से खरीद रहा ‘कैंसर’ का ज़हर, ‘फूड विभाग’ को गहरी नींद से जागने की ज़रूरत

कभी फुर्सत मिले तो अपने घर की रसोई में जाकर देखना। वहां रखे मसालों के डिब्बे, फ्रिज में रखा दूध-पनीर, और बच्चों के लिए लाई गई सॉस की बोतल को ज़रा गौर से घूरना! एक हिंदुस्तानी सुबह से लेकर रात तक गधों की तरह मेहनत क्यों करता है? बस इसीलिए ना की वो अपने परिवार

कहीं ‘डिटरजेंट’ वाला ‘पनीर’ तो कहीं ‘एसिड’ वाला ‘टोमेटो कैचप’, देश में हर 5 में से 1 खाने का आइटम ‘फेल’, आम आदमी अपनी कमाई से खरीद रहा ‘कैंसर’ का ज़हर, ‘फूड विभाग’ को गहरी नींद से जागने की ज़रूरत Read More »

अफगानी जिहादियों का भयंकर संहार कर 700 साल बाद 'लाहौर' में 'भगवा' गाड़ने वाले हिन्दू मराठा शेर 'पेशवा रघुनाथ राव', खौफ इतना भयंकर की बिना लड़े ही वापस 'काबुल' भागा डरपोक 'तैमूर शाह'

अफगानी जिहादियों का भयंकर संहार कर 700 साल बाद ‘लाहौर’ में ‘भगवा’ गाड़ने वाले हिन्दू मराठा शेर ‘पेशवा रघुनाथ राव’, खौफ इतना भयंकर की बिना लड़े ही वापस ‘काबुल’ भागा डरपोक ‘तैमूर शाह’

आज मैं आपको इतिहास के उस पन्ने पर ले जा रहा हूँ, जिसे पढ़कर आपके शरीर का रोम-रोम फड़क उठेगा। आज बात होगी उस खूंखार हिन्दू योद्धा की, जिसके नाम से अफगानिस्तान के सुल्तानों की नींद उड़ जाती थी। मैं बात कर रहा हूँ महान मराठा शेर ‘पेशवा रघुनाथ राव’ की, जिन्हें इतिहास प्यार और

अफगानी जिहादियों का भयंकर संहार कर 700 साल बाद ‘लाहौर’ में ‘भगवा’ गाड़ने वाले हिन्दू मराठा शेर ‘पेशवा रघुनाथ राव’, खौफ इतना भयंकर की बिना लड़े ही वापस ‘काबुल’ भागा डरपोक ‘तैमूर शाह’ Read More »

चंद रुपयों के लालच में देश का खून बहाते 'गद्दार व्यापारी', बैन के बावजूद देश में 'ज़हरीले' पाकिस्तानी 'कॉस्मेटिक्स' बेचकर आतंकियों को पाल रहे हमारे 'आस्तीन के सांप'

चंद रुपयों के लालच में देश का खून बहाते ‘गद्दार व्यापारी’, बैन के बावजूद देश में ‘ज़हरीले’ पाकिस्तानी ‘कॉस्मेटिक्स’ बेचकर आतंकियों को पाल रहे हमारे ‘आस्तीन के सांप’

दोस्तों कभी-कभी तो समझ ही नहीं आता की इस देश को बाहर के दुश्मनों से ज़्यादा खतरा है, या उन आस्तीन के साँपों से जो हमारे ही बीच रहकर हिंदुस्तान को बर्बाद करने पे तुले हुए हैं। एक तरफ कश्मीर से लेकर जम्मू तक हमारे फौजी भाई पाकिस्तान के भेजे आतंकियों से लोहा लेते हैं।

चंद रुपयों के लालच में देश का खून बहाते ‘गद्दार व्यापारी’, बैन के बावजूद देश में ‘ज़हरीले’ पाकिस्तानी ‘कॉस्मेटिक्स’ बेचकर आतंकियों को पाल रहे हमारे ‘आस्तीन के सांप’ Read More »

सिर्फ संयोग या भारत के खिलाफ भयंकर षड्यंत्र? ‘किसान आंदोलन’ और ‘पेगासस’ से लेकर ‘हिंडनबर्ग रिपोर्ट’ और ‘CJP प्रोटेस्ट’ तक, आखिर क्यों ‘संसद सत्र’ शुरू होते ही देश तोड़ने का ‘टूलकिट’ हो जाता एक्टिव?

सच कहूं तो अब पानी सिर के ऊपर से जा चुका है। आप खुद सोचकर देखिए, क्या ऐसा हो सकता है की देश में जब भी कोई बड़ा मौका हो, जब भी संसद का सत्र शुरू होने वाला हो, ठीक उसी वक्त अचानक आसमान से कोई विवाद टपक पड़े? कोई विदेशी रिपोर्ट आ जाए, कोई

सिर्फ संयोग या भारत के खिलाफ भयंकर षड्यंत्र? ‘किसान आंदोलन’ और ‘पेगासस’ से लेकर ‘हिंडनबर्ग रिपोर्ट’ और ‘CJP प्रोटेस्ट’ तक, आखिर क्यों ‘संसद सत्र’ शुरू होते ही देश तोड़ने का ‘टूलकिट’ हो जाता एक्टिव? Read More »

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